तीर्थ स्थल परिक्रमा मार्गों पर हर कोस में रोपी जाएगी हरिशंकरी : नैमिषारण्य से 24 अक्टूबर को अभियान का शुभारंभ

 


लोक भारती की पहल :  84 कोसी परिक्रमा मार्ग पर हरिशंकरी रोपण के साथ विकसित होंगे ऋषियों के नाम पर पड़ाव, श्रद्धालुओं को मिलेंगी मूलभूत सुविधाएं

हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूटी

लखनऊ। तीर्थ स्थलों की धार्मिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत को संरक्षित करने की दिशा में लोक भारती ने अनूठी पहल की है। संगठन उत्तर प्रदेश के चार प्रमुख परिक्रमा मार्गों अयोध्या, मथुरा, नैमिषारण्य और चित्रकूट के प्रत्येक कोस पर हरिशंकरी रोपित कर उन्हें हरियाली की माला से जोड़ने का अभियान चला रहा है। अभियान के प्रथम चरण में 24 से 29 अक्टूबर तक नैमिषारण्य के 84 कोसी परिक्रमा मार्ग पर हरिशंकरी रोपण किया जाएगा।

लोक भारती के अवध क्षेत्र अध्यक्ष एवं यात्रा प्रभारी पवन सिंह चौहान ने बताया कि अभियान के तहत प्रत्येक कोस पर पीपल, बरगद और पाकड़ के पौधे एक ही थाले में रोपित किए जाएंगे। प्रत्येक पड़ाव का नामकरण प्रतिनिधि ऋषियों के नाम पर करने की योजना है। इस कार्य को पूज्य संतों, जनप्रतिनिधियों और समाज के विभिन्न वर्गों की सहभागिता से उत्सव के रूप में संपन्न कराया जाएगा। भविष्य में इन स्थलों को कोस पड़ाव के रूप में विकसित करने का लक्ष्य है।

श्रद्धालुओं के लिए विकसित होंगे सुविधायुक्त पड़ाव :

लोक भारती के राष्ट्रीय संगठन मंत्री बृजेंद्र पाल सिंह ने बताया कि हरिशंकरी रोपण के साथ ही प्रत्येक कोस पड़ाव पर प्रकाश, पेयजल, प्रसाधन और बैठने जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए शासन से मांग की जाएगी। पौधरोपण कार्यक्रमों में यज्ञ, स्वस्तिवाचन, मंत्रोच्चार और परिक्रमा सहित विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इसका उद्देश्य तीर्थ परिक्रमा मार्गों को हरित बनाने के साथ श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक बनाना भी है।

24 अक्टूबर को चक्रतीर्थ से शुरू होगी यात्रा :

लोक भारती के राष्ट्रीय संगठन सचिव गोपाल उपाध्याय ने बताया कि यात्रा का शुभारंभ 24 अक्टूबर को सुबह नौ बजे नैमिषारण्य स्थित चक्रतीर्थ पर हरिशंकरी रोपित कर किया जाएगा। इसके बाद यात्रा निर्धारित मार्ग पर आगे बढ़ते हुए 29 अक्टूबर को मिश्रिख में संपन्न होगी। यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर जनसभाएं और उत्सव आयोजित किए जाएंगे। इनमें प्रदेश सरकार के मंत्रियों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और पूज्य संतों को आमंत्रित किया गया है।

इन स्थानों से होकर गुजरेगी यात्रा :

लोक भारती के अवध प्रांत संयोजक कमलेश सिंह ने बताया कि यात्रा 24 अक्टूबर को चक्रतीर्थ, नैमिषारण्य से प्रारंभ होकर कोरौना द्वारिकाधीश, हरैया, नगवां, कोथावां, गिरधरपुर उमरारी, साक्षी गोपालपुर, देवगवां, मंडरुआ, जरिगवां, नैमिषारण्य और बरेठी होते हुए मिश्रिख पहुंचेगी।

उन्होंने बताया कि लोक भारती इससे पहले मथुरा के गोवर्धन परिक्रमा मार्ग और चित्रकूट के कामदगिरि परिक्रमा मार्ग पर भी हरिशंकरी रोपित कर चुकी है। अब नैमिषारण्य में अभियान के विस्तार के साथ तीर्थ मार्गों पर पर्यावरण संरक्षण, धार्मिक परंपराओं और जनसहभागिता को एक सूत्र में जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।

इस संबंध में आयोजित वार्ता में पवन सिंह चौहान, बृजेंद्र पाल सिंह, गोपाल उपाध्याय, सौरभ सिंह, कमलेश सिंह और कौशल चंद्रवंशी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।