हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो
आगरा। सभी जीवों को प्राकृतिक संसाधनों के प्रति सम्मान और करुणा (नुच्छेद 51 (जी), बुनियादी कानून, पर्यावरण की रक्षा, सुधार व जानवरों के साथ सहअस्तित्व के तरीके, गरिमापूर्ण जीवन व दूसरों की गरिमा व स्वतंत्रता का सम्मान (अनुच्छेद 21) जैसे विषय के साथ विद्यार्थियों को महंगी कीमत देकर विदेशी ब्रीड को पालने से बेहतर है कि भारतीय श्वानों की देखभाल के लिए जागरूक किया गया। भरपेट भोजन व देखभाल होने से वह आपके शत्रु नहीं बल्कि सहयोगी और मित्र ही बनेंगे। लॉयन्स क्लब आगरा यशकीर्ति की अध्यक्ष व कैस्पर्स होम की चेयरपर्सन विनीता अरोरा ने यह बात शास्त्रीपुरम स्थित होली पब्लिक स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों को देसी श्वानों के प्रति जागरूक करते हुए कही।
उन्होंने कहा कि पशु कल्याण के विषय में बच्चों को सामान्य नियम व कानून की जानकारी होनी चाहिए। जानवर किस तरह से पर्यावरण के साथ जुड़े हैं और इंसान के अस्तित्व के लिए जानवरों की परस्थिति भी कैसे महत्वपूर्ण है। इस विषय में विद्यार्थियों को जानकारी देकर हम एक बेहतर भविष्य के निर्माण में सहयोग का प्रयास कर रहे हैं। चार्टर प्रसीडेंट लायन्स क्लब आगरा यशकीर्ति की रोमा सिंह ने कहा कि बच्चों को स्थानीय श्वानों का महत्व व उनकी देखबाल करने के लिए जागरूक किया गया है। स्कूल की प्रधानाचार्य श्वेता राठौर ने कहा कि यह एक सकारात्मक प्रयास है जानवरों के प्रति सरकारी नियमावली को बच्चों तक पहुंचाने के लिए।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने जानवरों के प्रति अपने अनुभवों को साझा भी किया और बताया कि किस तरह से वह अपने क्षेत्र के जानवरों को खाना व पानी की व्यवस्था करते हैं। आयोजन में मुख्य रूप से विकास अग्रवाल, सतपाल, शिवानी वर्मा, शिवम, कमलमीत कौर आदि उपस्थित थे।


