सत्यमेव जयते ट्रस्ट ने सर्वोच्च न्यायालय को पत्र भेजकर कार्रवाई की मांग की
हिन्दुस्तान वार्ता।ब्यूरो
आगरा। बाग फरजाना स्थित 100 वर्ष से अधिक पुराने बरगद के पेड़ को काटने के प्रयास के मामले में सत्यमेव जयते ट्रस्ट ने सर्वोच्च न्यायालय को पत्र भेजकर उचित कार्रवाई की मांग की है। ट्रस्ट का कहना है कि पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से महत्वपूर्ण इस पेड़ के संरक्षण को लेकर सर्वोच्च न्यायालय पूर्व में आदेश जारी कर चुका है, इसके बावजूद पेड़ को काटने का कथित षड्यंत्र किया जा रहा है।
ट्रस्ट के मुख्य ट्रस्टी एवं पूर्व महासचिव गौतम सेठ ने सर्वोच्च न्यायालय को भेजे पत्र में बताया कि उक्त बरगद का पेड़ बाग फरजाना,आगरा स्थित प्लांट नंबर 25 में लगा हुआ है और इसकी आयु 100 वर्ष से अधिक है। पत्र में आरोप लगाया गया है कि पेड़ के संरक्षण के लिए पूर्व में सर्वोच्च न्यायालय द्वारा आदेश दिए जाने के बावजूद आदेश की कथित अवहेलना करते हुए इसे काटने का प्रयास किया जा रहा है।
गौतम सेठ ने कहा कि पर्यावरणीय महत्व को देखते हुए मामले में तत्काल उचित कार्रवाई आवश्यक है। उन्होंने न्यायालय से पेड़ के संरक्षण तथा उसे काटने के प्रयास के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।
ट्रस्ट के अनुसार, संबंधित प्लांट नंबर 25 को आगरा विकास प्राधिकरण (एडीए) द्वारा राजीव जैन नामक व्यक्ति को बेचा गया है। ट्रस्ट ने पूरे मामले की वस्तुस्थिति की जांच कर आवश्यक कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
सत्यमेव जयते ट्रस्ट निशुल्क ट्री एम्बुलेंस का संचालन करते हुए पेड़ों के संरक्षण एवं संवर्धन के क्षेत्र में कार्य कर रहा है। ट्रस्ट का कहना है कि पुराने और ऐतिहासिक वृक्षों को बचाना पर्यावरण संतुलन के लिए बेहद आवश्यक है।
सूत्र -नंदकिशोर गोयल मीडिया प्रभारी

