हिमानी चतुर्वेदी के नेतृत्व में सैकड़ों गौ-भक्तों की हुंकार,लाखों हस्ताक्षरों के साथ एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो
आगरा : ताजनगरी आगरा में बुधवार को भक्ति, आस्था और संकल्प का अभूतपूर्व संगम देखने को मिला, जब ‘गौ सम्मान आह्वान अभियान’ के तहत सैकड़ों गौ-भक्तों ने ‘गौ माता को राष्ट्र माता’ घोषित करने की मांग को लेकर सदर तहसील तक विशाल रैली निकाली। पचकुइयां स्थित शिक्षा भवन से शुरू हुई यह यात्रा संकीर्तन, भजन और गगनभेदी नारों के बीच आगे बढ़ी, जिसने शहर के वातावरण को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया।
प्रचंड गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में महिलाएं, युवा और बुजुर्ग ‘सीताराम-राधे श्याम’ के जयघोष के साथ रैली में शामिल हुए। आगरा जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से लोग ट्रैक्टर, बसों और निजी वाहनों से पहुंचकर इस अभियान का हिस्सा बने।
लाखों हस्ताक्षरों की ‘आस्था की पोटली’ बनी आकर्षण का केंद्र :
रैली का सबसे विशेष और भावनात्मक दृश्य वह रहा, जब पिछले तीन महीनों में जुटाए गए लाखों हस्ताक्षरों को पीले वस्त्र में बांधकर गौ-भक्त अपने सिर पर धारण किए हुए चल रहे थे। इसे श्रद्धालु किसी पवित्र ग्रंथ की तरह सम्मान दे रहे थे। पूरे मार्ग में ‘गौ माता-राष्ट्र माता’ के नारे गूंजते रहे।
हिमानी चतुर्वेदी के नेतृत्व में जन-आंदोलन का रूप :
इस अभियान का नेतृत्व कर रहीं हिमानी चतुर्वेदी की भूमिका को सराहा जा रहा है। बिना किसी सरकारी सहायता के उन्होंने अपने संसाधनों और प्रयासों से इस मुहिम को जन-आंदोलन का स्वरूप दिया। उनके आह्वान पर बड़ी संख्या में महिलाएं और युवा सड़कों पर उतरे, जिससे यह अभियान एक मजबूत सामाजिक संदेश बनकर उभरा।
एसडीएम कार्यालय में गूंजा संकीर्तन, ज्ञापन सौंपा :
रैली जब सदर तहसील पहुंची, तो एसडीएम सदर सचिन राजपूत को विधिवत ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान कार्यालय परिसर में संकीर्तन और करतल ध्वनि से वातावरण आध्यात्मिक हो गया। एसडीएम ने श्रद्धापूर्वक हस्ताक्षरों की पोटली स्वीकार करते हुए आश्वासन दिया कि ज्ञापन को उच्च स्तर तक पहुंचाया जाएगा।
नन्हे बछड़े बने आकर्षण का केंद्र :
यात्रा में रथ पर सवार दो नन्हे बछड़े भी आकर्षण का केंद्र रहे। श्रद्धालु उन्हें देखकर भाव-विभोर हो उठे और जगह-जगह उनका स्वागत व स्नेह किया गया।
संतों और प्रबुद्धजनों की रही सहभागिता :
इस आयोजन में साध्वी श्यामा गोपाल सरस्वती, बाबा परमानंद जी और गरिमा किशोरी सहित अनेक संतों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान की। वहीं धर्मवीर तोमर, रविकांत सूर्यवंशी, आकाश, शुभम, अमरनाथ, अधिवक्ता आशुतोष, तेजेंद्र तोमर, प्रियंका, सविता जैन, अदिति कल्याण, गुंजन पंडिता, गोपाल चौधरी, आनंद पंडित और अभिषेक सहित कई समाजसेवियों ने सक्रिय भूमिका निभाई।
संदेश स्पष्ट,आस्था से जुड़ा जन-समर्थन :
रैली ने यह स्पष्ट संकेत दिया कि गौ-सेवा और सम्मान का विषय बड़ी संख्या में लोगों की आस्था से जुड़ा हुआ है। श्रद्धालुओं का कहना है कि यह केवल एक मांग नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और धार्मिक भावना का प्रतीक है, जिसे लेकर समाज जागरूक हो रहा है।

