हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो
आगरा, 17 जून। जनपद में बुधवार को आयोजित वीएचएसएनडी एवं यूएचएनडी (टीकाकरण) सत्रों के दौरान नौ माह से पांच वर्ष तक के बच्चों को विटामिन-ए की खुराक पिलाई गई। यह अभियान 10 जून से संचालित विटामिन-ए सम्पूरण कार्यक्रम के अंतर्गत चलाया जा रहा है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि जिले में 5.8 लाख बच्चों को विटामिन-ए की खुराक देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने कहा कि नौ माह से पांच वर्ष की आयु तक बच्चों को विटामिन-ए की कुल नौ खुराकें मिलना आवश्यक है, जिससे उनके शरीर को आवश्यक पोषण मिलता है और विभिन्न बीमारियों से बचाव होता है।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. उपेंद्र कुमार ने बताया कि पिछले वर्ष 5.5 लाख बच्चों को विटामिन-ए की खुराक दी गई थी। अभियान में एएनएम, आशा एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। यह दवा खसरे के पहले और दूसरे टीके के साथ तथा प्रत्येक छह माह पर विशेष अभियान के दौरान दी जाती है। उन्होंने अभिभावकों से नियमित टीकाकरण सत्रों में बच्चों को लाने की अपील की।
शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दहतोरा मोड़ की प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. दीक्षा गौतम ने बताया कि विटामिन-ए बच्चों को कुपोषण, मिजल्स, डायरिया, रतौंधी तथा अन्य संक्रमणों से बचाने में मददगार है। इसके सेवन से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और बच्चों के शारीरिक एवं मानसिक विकास को गति मिलती है। उन्होंने बताया कि नौ माह से एक वर्ष तक के बच्चों को आधा चम्मच तथा एक से पांच वर्ष तक के बच्चों को पूरा चम्मच विटामिन-ए दिया जाता है।
उन्होंने बताया कि 10 जून से अब तक दहतोरा मोड़ क्षेत्र के यूएचएनडी सत्रों में 206 बच्चों को विटामिन-ए की खुराक पिलाई जा चुकी है।
सारदा विहार निवासी राधा अपनी चार वर्षीय बेटी दीक्षा को विटामिन-ए की सातवीं खुराक दिलाने पहुंचीं। उन्होंने बताया कि बच्ची को पहले भी सभी खुराकें दी गई हैं और वह पूरी तरह स्वस्थ है।सत्र स्थल पर एएनएम संगीता,आशा कार्यकर्ता किरण तथा पॉपुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल इंडिया की प्रतिनिधि आरती द्विवेदी मौजूद रहीं।


