दस्तक अभियान तेज : घर-घर पहुंचकर डेंगू,मलेरिया और चिकनगुनिया से बचाव का दे रहे संदेश



31 जुलाई तक चलेगा अभियान, स्वास्थ्य टीम कर रही सर्वे, जागरूकता और संदिग्ध मरीजों की पहचान

हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो

आगरा, 14 जुलाई। जनपद में संचारी रोगों की रोकथाम के लिए 11 से 31 जुलाई तक चल रहे 'दस्तक अभियान' के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर लोगों को डेंगू,मलेरिया, चिकनगुनिया सहित अन्य संक्रामक बीमारियों से बचाव के प्रति जागरूक कर रही हैं। मंगलवार को सहायक मलेरिया अधिकारी नीरज कुमार ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर, नगला पदी क्षेत्र में अभियान का निरीक्षण कर टीम के कार्यों का फीडबैक लिया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि अभियान के दौरान आशा एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ता घर-घर सर्वे कर बुखार, खांसी, एलर्जी, टीबी, कुष्ठ रोग, डायरिया सहित अन्य लक्षणों वाले लोगों की पहचान कर रही हैं। चिन्हित मरीजों का विवरण ई-कवच पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है, ताकि समय पर उपचार उपलब्ध कराया जा सके। साथ ही कम वजन वाले बच्चों का भी चिन्हांकन किया जा रहा है।

वेक्टर जनित रोगों के नोडल अधिकारी डॉ.धर्मेश्वर श्रीवास्तव ने बताया कि अभियान का उद्देश्य बीमारियों की शीघ्र पहचान, जांच और उपचार सुनिश्चित करना है। उन्होंने बुखार होने पर स्वयं दवा लेने के बजाय आशा कार्यकर्ता की सहायता लेने अथवा 108 एम्बुलेंस सेवा के माध्यम से अस्पताल पहुंचने की सलाह दी।

जिला मलेरिया अधिकारी राजेश गुप्ता ने बताया कि अभियान के दौरान मच्छरों के प्रजनन वाले स्थलों की पहचान कर वहां दवा का छिड़काव कराया जा रहा है। उन्होंने लोगों से घर और आसपास पानी जमा न होने देने, मच्छरदानी का उपयोग करने, पूरे शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनने तथा बुखार होने पर तुरंत जांच कराने की अपील की। साथ ही एस्प्रिन या ब्रूफेन जैसी दवाओं का स्वयं सेवन न करने और झोलाछाप चिकित्सकों से उपचार न कराने की सलाह दी।