मातृ दुग्ध दान करने वाली माताओं का हुआ सम्मान,14 नवजातों को मिला जीवनदायी अमृत



हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो

आगरा। नवजात शिशुओं की जीवन-रक्षा के लिए मातृ दुग्ध दान करने वाली माताओं को रविवार को "माँ यशोदा गौरव सम्मान" से सम्मानित किया गया। यह कार्यक्रम श्री चंद्रभान साबुन वाला सेवा ट्रस्ट द्वारा खतैना रोड स्थित गर्भाधान संस्कार एवं मेटरनिटी होम में आयोजित किया गया।

मुख्य अतिथि कथा प्रवक्ता नीरज नयन ने कहा कि मातृ दुग्ध बैंक पीड़ा को परोपकार में बदलने का अद्भुत माध्यम है। मातृ दुग्ध प्रदान करने की सेवा अलौकिक, अतुलनीय और मानवता के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने दुग्ध दान करने वाली माताओं, एसएन मेडिकल कॉलेज की चिकित्सक एवं नर्सिंग स्टाफ तथा इस सेवा कार्य से जुड़े समाजसेवियों को सम्मानित किया।

ट्रस्ट के अध्यक्ष अशोक अग्रवाल ने बताया कि हाल ही में शुरू की गई मुंशी पन्ना मातृ दुग्ध बैंक ने अल्प समय में ही उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। बैंक में 49 माताओं के सहयोग से 2610 मिलीलीटर मातृ दुग्ध संग्रहित किया गया, जबकि 14 नवजात शिशुओं को 1090 मिलीलीटर मातृ दुग्ध उपलब्ध कराया गया।

महामंत्री मनोज अग्रवाल और मंत्री राजीव जैन ने कहा कि मां के दूध की प्रत्येक बूंद नवजात के लिए अमृत समान है और कोई भी स्वस्थ मां इस पुनीत कार्य में योगदान दे सकती है। कार्यक्रम का संचालन रमेश चंद्र अग्रवाल ने किया।

इस अवसर पर संयोजक राजकुमार गर्ग, नरेंद्र कुमार अग्रवाल, सीए अंकुर अग्रवाल, पारुल जैन, निधि अग्रवाल, एच.के. बंसल, राकेश गर्ग, श्वेता गर्ग एवं डॉ. सुवर्णा सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

सनातन संस्कृति से प्रेरित पहल :

कार्यक्रम में समाजसेवी अशोक गोयल ने बताया कि मातृ दुग्ध बैंक की प्रेरणा सनातन संस्कृति से मिली है, जहां भगवान श्रीकृष्ण को माता यशोदा ने और कर्ण को माता राधा ने अपने स्नेह व दूध से पालन-पोषण दिया। उन्होंने कहा कि यह सेवा प्रकल्प आज के युग में उसी परंपरा को जीवंत कर रहा है।