टीबी उन्मूलन में आगरा ने रचा कीर्तिमान,राष्ट्रीय लक्ष्य से आगे निकला जनपद

100 दिवसीय अभियान में 101% उपलब्धि,98% उपचार सफलता दर

हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो

आगरा, 5 जून। राष्ट्रीय क्षय रोग (टीबी) उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत 24 मार्च से संचालित 100 दिवसीय विशेष टीबी खोज अभियान में आगरा जनपद ने राष्ट्रीय लक्ष्य को पार करते हुए 101 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। जनवरी से मई 2026 के बीच जिले में 12,361 टीबी मरीजों की पहचान कर उन्हें तत्काल उपचार से जोड़ा गया, जबकि उपचार सफलता दर 98 प्रतिशत दर्ज की गई है।

स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत अब तक 81,151 लोगों की स्क्रीनिंग की गई। इनमें संदिग्ध पाए गए 20,440 लोगों की सीबी-नाट (CB-NAAT) जांच कराई गई, जिसमें 5,385 नए टीबी मरीजों की पुष्टि हुई। इनमें 944 ऐसे मरीज भी शामिल हैं, जिनमें टीबी के स्पष्ट लक्षण नहीं थे।

जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ.सुखेश गुप्ता ने बताया कि केंद्रीय टीबी डिविजन द्वारा चिन्हित संवेदनशील क्षेत्रों में प्रस्तावित 239 विशेष स्वास्थ्य शिविरों में से 197 शिविर आयोजित किए जा चुके हैं। इन शिविरों में निःशुल्क जांच, डिजिटल एक्स-रे, सैंपल परीक्षण और उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।

उन्होंने बताया कि वर्तमान में जिले में 10,944 टीबी मरीज उपचाराधीन हैं, जिन्हें नियमित दवा के साथ निक्षय पोषण योजना के तहत पोषण एवं वित्तीय सहायता भी दी जा रही है। टीबी की शीघ्र पहचान और उपचार सुनिश्चित करने के लिए जनपद में 52 बलगम जांच केंद्र तथा 860 डॉट्स केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। आशा कार्यकर्ता मरीजों की निगरानी और दवा सेवन सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि मलिन बस्तियों, कुपोषित बच्चों,श्रमिकों, मधुमेह रोगियों और बुजुर्गों जैसे हाई-रिस्क समूहों पर विशेष फोकस किया जा रहा है।

जिलाधिकारी मनीष बंसल ने कहा कि टीबी उन्मूलन शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और 98 प्रतिशत उपचार सफलता दर स्वास्थ्य विभाग की प्रतिबद्धता का प्रमाण है।

डॉ.सुखेश गुप्ता ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि लगातार खांसी, वजन कम होना, बुखार या कमजोरी जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में निःशुल्क जांच कराएं। उन्होंने कहा कि जागरूकता, समय पर जांच और पूरा उपचार ही टीबी मुक्त समाज की कुंजी है।

मुख्य उपलब्धियां :

12,361 मरीजों की पहचान कर उपचार से जोड़ा गया

81,151 लोगों की स्क्रीनिंग

5,385 मरीजों में टीबी की पुष्टि

197 विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित

52 बलगम जांच केंद्र सक्रिय

860 डॉट्स केंद्रों के माध्यम से दवा उपलब्ध

98% उपचार सफलता दर

101% लक्ष्य प्राप्ति के साथ अभियान सफल रहा।