सब विकासों का मूल है प्रभु की कथा : रामप्रपन्नाचार्य जी महाराज


श्रीमद्भागवत कथा में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव एवं नंदोत्सव की आनंद वर्षा में झूमे श्रद्धालु

हिन्दुस्तान वार्ता। ब्यूरो

आगरा। पंचेश्वर महादेव मंदिर, कालिंदीपुरम कॉलोनी, मऊ रोड स्थित श्रीमद्भागवत कथा महोत्सव के चतुर्थ दिवस पर कथा व्यास स्वामी श्री रामप्रपन्नाचार्य जी महाराज ने भगवान के विभिन्न अवतारों का वर्णन करते हुए वामन अवतार, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव एवं नंदोत्सव की दिव्य कथाओं का रसपान कराया। कथा के दौरान श्रद्धालु भक्ति और आनंद में सराबोर रहे।

महाराजश्री ने कहा कि “सब विकासों का मूल प्रभु की कथा है। विकास वहीं होता है, जहां भगवान की कथा होती है।” उन्होंने बताया कि कथा मनुष्य के भीतर संस्कार, सदाचार, करुणा और धर्म की भावना का विकास करती है तथा जीवन को सही दिशा प्रदान करती है।

वामन अवतार प्रसंग में उन्होंने राजा बलि के अहंकार हरण और विनम्रता के महत्व पर प्रकाश डाला। वहीं श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के अवसर पर पूरा कथा पंडाल “नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” के जयघोषों से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर भगवान का स्वागत किया। मंदिर परिसर को आकर्षक झांकियों, पुष्प सज्जा और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया था।

महाराजश्री ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जन्म केवल मथुरा में नहीं, बल्कि प्रत्येक भक्त के हृदय में होता है। जब मन में प्रेम, सत्य, करुणा और धर्म का प्रकाश होता है, तब वास्तविक रूप से श्रीकृष्ण का जन्म होता है।

कथा के उपरांत नंदोत्सव का उल्लासपूर्ण आयोजन हुआ। भक्तों ने भजनों पर नृत्य कर भगवान के जन्म की खुशियां मनाईं। मुख्य यजमान मनीष अग्रवाल रावी एवं परिवार ने व्यास पूजन किया।

इस अवसर पर जगमोहन गौतम, विनोद यादव, भूपेंद्र चाहर, जे.पी. शर्मा, कृष्ण दत्त गौतम, तिलक सिंह, रामनरेश राठौर, क्षेत्रपाल सिंह, राजेश कुलश्रेष्ठ, आर.पी. सिंह, राकेश परमार, हेमेंद्र मित्तल, कमल सिंह, धर्मेंद्र प्रताप सिंह, लवकेश गौतम, धीरज सिंह राजपूत, शैलेंद्र प्रताप सिंह, यश दुबे, निशांत सिंह तथा पार्षद ललित गौतम सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।